CG News: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में आयोजित एक चंगाई सभा को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। हिंदू संगठन की शिकायत पर पुलिस ने धर्मांतरण के प्रयास और धार्मिक भावनाएं आहत करने के आरोप में पास्टर समेत दो लोगों को गिरफ्तार किया है। मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम उदयबंद का है। (दो घूंट पानी से बीमारी करें ठीक)![]()
जानकारी के अनुसार गुरुवार सुबह ग्राम उदयबंद के गुड़ीपारा इलाके में स्थित एक घर में चंगाई सभा (Janjgir changai sabha) आयोजित की गई थी। सभा में गांव और आसपास के क्षेत्रों के महिला-पुरुष शामिल हुए थे। हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने मौके पर पहुंचकर आरोप लगाया कि लोगों को इलाज और बीमारी ठीक करने का झांसा देकर सभा में बुलाया गया था। (जांजगीर पानी से इलाज)
चमत्कारी पानी से बीमारी ठीक
शिकायतकर्ता सतीश सोनी ने पुलिस को बताया कि सभा में लोगों को कथित रूप से चमत्कारी पानी पिलाकर विभिन्न बीमारियों के ठीक होने का दावा किया जा रहा था। साथ ही ईसा मसीह और बाइबल से संबंधित साहित्य वितरित कर ईसाई धर्म का प्रचार-प्रसार किया जा रहा था।
हिंदू देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि सभा के दौरान हिंदू देवी-देवताओं के संबंध में आपत्तिजनक टिप्पणियां भी की गईं। आरोप है कि पास्टर ने लोगों से कहा कि शिव, विष्णु और ब्रह्मा कुछ नहीं कर सकते, जबकि ईसा मसीह के नाम पर दिया गया पानी बीमारियों को ठीक कर सकता है। इस कथित बयान का वीडियो भी सामने आने की बात कही जा रही है।
शिकायत के बाद पुलिस ने की कार्रवाई
मामले की सूचना मिलने पर हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं ने सिटी कोतवाली थाना पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की और कार्रवाई करते हुए मकान मालिक बद्रीनाथ बरेठ (40) तथा पास्टर रथराम महिलांगे (38) को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 299 और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। मौके से धार्मिक साहित्य भी जब्त किया गया है।
न्यायिक रिमांड पर भेजे गए आरोपी
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। मामले की जांच जारी है और पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है।




