Durg News: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। गुरुवार को कोर्ट के आदेश पर किराए का मकान खाली कराने पहुंची पुलिस और कोर्ट स्टाफ के सामने महिला कांग्रेस कार्यकर्ता ने खुद पर मिट्टी तेल डालकर आग लगा ली। इस घटना में महिला करीब 95 प्रतिशत तक झुलस गई है। उसे गंभीर हालत में रायपुर के डीकेएस अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
घटना सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के पचरीपारा इलाके की है। पीड़िता की पहचान शबाना निशा उर्फ रानी (37) के रूप में हुई है, जो लंबे समय से पचरीपारा में एक किराए के मकान में रह रही थी। परिजनों के अनुसार, शबाना जिस मकान में रहती थी, उसे जमीन मालिक से खरीदना चाहती थी, लेकिन मालिक इसके लिए तैयार नहीं था।

मामला डिस्ट्रिक्ट कोर्ट पहुंचा, जहां से मकान मालिक के पक्ष में फैसला आया। कोर्ट के आदेश के बाद गुरुवार दोपहर करीब 2:30 बजे पुलिस और कोर्ट स्टाफ कब्जा दिलाने के लिए मौके पर पहुंचे। बातचीत के दौरान ही शबाना अचानक घर के अंदर गई और खुद को आग के हवाले कर दिया।
लोगों ने चादर से बुझाई आग
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग लगने के बाद शबाना जलती हुई घर से बाहर निकली। यह देख मौके पर मौजूद पुलिस और कोर्ट स्टाफ पीछे हट गया। आसपास मौजूद लोगों ने चादर की मदद से किसी तरह आग बुझाई, लेकिन तब तक वह लगभग 95 प्रतिशत तक झुलस चुकी थी। इसके बाद उसे तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया।

प्राथमिक इलाज के बाद रायपुर रेफर
जिला अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने महिला की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे रायपुर के डीकेएस अस्पताल रेफर कर दिया। फिलहाल उसकी हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पिछले चुनाव में लड़ चुकी है पार्षद का चुनाव
बताया जा रहा है कि शबाना निशा का राजनीतिक जीवन भी रहा है। वह पिछले दुर्ग नगर निगम चुनाव में वार्ड क्रमांक 28 पचरीपारा से कांग्रेस के टिकट पर पार्षद पद का चुनाव लड़ चुकी है।
40-45 साल से उसी मकान में रह रही थी
पीड़िता के मामा लियाकत अली ने बताया कि शबाना पिछले 40-45 सालों से उसी मकान में किराए पर रह रही थी। बीते 4-5 महीनों से उस पर घर खाली करने का दबाव बनाया जा रहा था। गुरुवार को कार्रवाई के दौरान यह दर्दनाक घटना हुई।
