डीकेएस सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में 56 वर्षीय ब्रेन स्ट्रोक की महिला मरीज को एक्सपायर्ड इंजेक्शन लगा दिया गया . दरअसल ये पूरा मामला २ फरवरी का है , घरवालो के विरोध करने पर स्टाफ प्रबंधन ने कहा थ की २ दिन ही हुए है जिससे कुछ नहीं होता , जिसके बाद मरीज के बाए हिस्से ने काम करना बंद कर दिया परिजनों का आरोप है कि इंजेक्शन लगाने के वजह से ही एसा हुआ है 
जानकारी के मुताबिक मरीज को २ फ़रवरी को अस्पताल लाया गया और 7 फरवरी को डिस्चार्ज किया गया . मरीज के परिजन के अनुसार जब मरीज को अस्पताल लाया गया तोह उनकी स्थिति ज्यादा खराब थी. बाद में अचानक उनके बाए हाथ ने काम करना बंद कर दिया
वही नर्सिंग स्टाफ ने जानकारी दी है कि मरीज को एक्सपायर इंजेक्शन नही लगाया गया है . एक्सपायर इंजेक्शन का पैकेट वार्ड में टीचिंग के उद्देश्य से रखा गया था जिसके कारण शायद परिजनों को एसा लगा हो कि एक्सपायर इंजेक्शन का इस्तेमाल किया है.
