CG Murder: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के जामपानी सरबकोंबो गांव में टोनही के शक में 68 वर्षीय बुजुर्ग जोयो राम की बोलेरो से कुचलकर हत्या करने का मामला सामने आया है। पुलिस जांच में सामने आया कि वारदात को सड़क हादसा दिखाने की कोशिश की गई थी। मामले में मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार, गांव के एक परिवार को जोयो राम की पत्नी पर जादू-टोना करने का शक था। इसी बात को लेकर दोनों परिवारों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते दीपक यादव (21) ने कथित रूप से बोलेरो से जोयो राम को कुचल दिया।
सड़क हादसा दिखाने की कोशिश
पुलिस को 29 सितंबर 2026 को जोयो राम की मौत की सूचना मिली थी। इसके बाद बगीचा थाना में मर्ग कायम कर शव का पंचनामा और पोस्टमॉर्टम कराया गया। जांच में सिर, माथे और पैर में चोट के निशान मिले। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सिर में गंभीर चोट और अधिक खून बहने को मौत का कारण बताया गया।
पुलिस ने जब मृतक के परिजनों और अन्य लोगों से पूछताछ की तो मामला सामान्य हादसा नहीं पाया गया। इसके बाद पुलिस ने हत्या के एंगल से जांच शुरू की।
पत्नी पर टोनही होने का लगाया था आरोप
जांच में पता चला कि दीपक यादव, उसके पिता कुरसों यादव और चाचा परमेश्वर राम मृतक की पत्नी पर जादू-टोना करने का आरोप लगाते थे। इसी वजह से दोनों परिवारों के बीच पिछले दो-तीन साल से विवाद चल रहा था।
पुलिस के मुताबिक, एक बैगा ने भी जोयो राम की पत्नी पर जादू-टोना करने का आरोप लगाया था। परिवार में बीमारी के लिए भी उसे जिम्मेदार बताया गया था। इसी अंधविश्वास और पुरानी रंजिश के कारण हत्या की योजना बनाई गई।
मक्का खेत के पास दिया वारदात को अंजाम
पुलिस के अनुसार, आरोपियों को जानकारी थी कि जोयो राम मक्का खेत की ओर जाते हैं। 29 सितंबर की शाम करीब 4 बजे दीपक यादव बोलेरो लेकर डाहीडांड़ की ओर गया था। उस दौरान जोयो राम सड़क से कुछ दूरी पर अपने खेत के सामने खड़े थे।
आरोप है कि दीपक ने पहले बोलेरो आगे ले जाकर वापस मोड़ी और फिर तेज रफ्तार से वाहन से टक्कर मार दी। हादसे में जोयो राम की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद आरोपी बोलेरो लेकर फरार हो गया।
मुख्य आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने घटना में इस्तेमाल बोलेरो वाहन को जब्त कर लिया है। मुख्य आरोपी दीपक यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। वहीं उसके पिता, चाचा, एक बैगा समेत अन्य आरोपियों की पहचान कर ली गई है, जिनकी तलाश की जा रही है।
इस मामले में बगीचा थाना में भारतीय न्याय संहिता और छत्तीसगढ़ टोनही प्रताड़ना अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
जशपुर एसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि जिले में अंधविश्वास के नाम पर हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि किसी भी विवाद में कानून का सहारा लें और अंधविश्वास के कारण किसी के खिलाफ हिंसा न करें।


