Raipur News: छत्तीसगढ़ के लोगों को अगस्त महीने से बिजली के बढ़े हुए बिल का सामना करना पड़ेगा। बिजली नियामक आयोग आज शुक्रवार को नया टैरिफ जारी करेगा, जिसके बाद बिजली दरों में बढ़ोतरी की आधिकारिक घोषणा हो जाएगी। घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति यूनिट 10 से 15 पैसे तक अधिक चुकाना होगा, वहीं कॉमर्शियल और कृषि वर्ग पर इसका असर और अधिक देखने को मिलेगा।
क्यों बढ़ाई जा रही है दर?
राज्य विद्युत वितरण कंपनी (CSPDCL) ने छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग को 4,550 करोड़ रुपए के घाटे का हवाला देते हुए बिजली दरों में 20 पैसे प्रति यूनिट तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव भेजा था। कंपनी का तर्क है कि लाइन लॉस, बिजली चोरी, और उच्च वितरण लागत के कारण उसे भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है।
बिजली दरों में संशोधन की प्रक्रिया 20 जून 2025 से शुरू हुई थी। आयोग ने जनसुनवाई के माध्यम से उपभोक्ताओं, किसान संगठनों और बिजली कंपनी के अधिकारियों से सुझाव और आपत्तियां मांगी थीं। इस दौरान कांग्रेस पदाधिकारियों ने विरोध प्रदर्शन भी किया था।
65 लाख बिजली उपभोक्ताओं को झटका
- छत्तीसगढ़ में वर्तमान में 65 लाख से अधिक बिजली उपभोक्ता हैं, जिनमें बीपीएल, घरेलू, कॉमर्शियल और कृषि वर्ग के उपभोक्ता शामिल हैं।
- बीपीएल और घरेलू उपभोक्ताओं पर इसका प्रभाव सीमित रहेगा।
- कॉमर्शियल और हाई-कंजम्प्शन उपभोक्ताओं पर यह दर बढ़ोतरी अधिक भार डालेगी।
- कृषि उपभोक्ताओं के लिए भी कुछ अतिरिक्त शुल्क तय किए जा सकते हैं।
बिजली कंपनी का कहना है कि यदि टैरिफ में संशोधन नहीं किया गया, तो सेवा की गुणवत्ता पर असर पड़ेगा। इससे बिजली आपूर्ति प्रभावित हो सकती है और विकास कार्यों में रुकावट आ सकती है।
बिजली आयोग के अधिकारी आज प्रेस कॉन्फ्रेंस में नया टैरिफ जारी करेंगे। इसके साथ ही यह साफ हो जाएगा कि किस श्रेणी के उपभोक्ता को अब कितनी दर पर बिजली मिलेगी।
