Raipur News: राजधानी रायपुर में मंगलवार को एक सांड के हमले से इलाके में दहशत फैल गई। सांड ने सड़क पर जा रहे करीब 15 लोगों को दौड़ा-दौड़ाकर घायल कर दिया। घायलों में पूर्व महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कल्पना पटेल भी शामिल हैं। वहीं, घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सांड घर के बाहर बच्चे को गोद में लिए खड़े बुजुर्ग पर हमला करता नजर आ रहा है।
घटना डीडी नगर इलाके की बताई जा रही है। सांड के हमले में घायल बुजुर्ग का अस्पताल में इलाज जारी है, जहां उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। वहीं पूर्व महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कल्पना पटेल को भी इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
घटना की सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद सांड को बेहोशी का इंजेक्शन देकर काबू में किया गया। गौ सेवकों के अनुसार, करीब दो महीने पहले सांड को कुत्ते ने काट लिया था, जिसके बाद उसके आक्रामक होने की आशंका जताई जा रही है।
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने घटना को लेकर चिंता जताते हुए नगर निगम की व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं।
बच्चे को गोद में लिए बुजुर्ग को रौंदा
जानकारी के मुताबिक, कंचनगंगा फेस-2, सेक्टर-2 और बंजारी नगर क्षेत्र में सांड ने कई लोगों पर हमला किया। इसी दौरान सेक्टर-2 निवासी देवनारायण शर्मा अपने एक साल के पोते को गोद में लेकर घर के बाहर खड़े थे।
अचानक सांड ने उन पर हमला कर दिया। हमले के दौरान सांड ने उन्हें कई बार सिंग मारे, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास मौजूद लोगों ने किसी तरह उन्हें बचाया और अस्पताल पहुंचाया।
काउ कैचर से नहीं पकड़ा जा सका सांड
सांड के उत्पात की जानकारी मिलने के बाद नगर निगम जोन क्रमांक-5 की टीम काउ कैचर लेकर मौके पर पहुंची। टीम ने काफी देर तक सांड को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली।
इसके बाद नगर निगम ने वन विभाग से संपर्क किया। वन विभाग, जंगल सफारी की टीम और पशु चिकित्सकों को मौके पर बुलाया गया।
बेहोशी का इंजेक्शन देकर सांड को किया काबू
वन विभाग और पशु चिकित्सकों की टीम ने ट्रैंक्विलाइजर गन की मदद से सांड को बेहोशी का इंजेक्शन दिया। इसके बाद सांड को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया गया।
कार्रवाई के बाद इलाके के लोगों ने राहत की सांस ली, हालांकि घटना के बाद लोगों में डर का माहौल बना हुआ है।
शिकायतों के बाद भी समस्या का समाधान नहीं
पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने सोशल मीडिया के जरिए इस मामले को लेकर नगर निगम और प्रशासन पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों की ओर से आवारा मवेशियों को लेकर कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क पर घूम रहे मवेशियों के कारण लगातार हादसे का खतरा बना रहता है। लोगों ने प्रशासन से आवारा मवेशियों की समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है।





