Raipur News: राजधानी रायपुर के बीरगांव स्थित रावाभाठा में आयोजित सुशासन तिहार कार्यक्रम के दौरान भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच जमकर हंगामा देखने को मिला। विरोध प्रदर्शन के दौरान दोनों पक्षों के कार्यकर्ताओं में धक्का-मुक्की और झड़प की स्थिति बन गई, जिसके बाद पुलिस को हस्तक्षेप कर माहौल शांत कराना पड़ा।![]()
विधायक की गाड़ी के सामने लेटे कार्यकर्ता
विरोध प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रायपुर ग्रामीण विधायक मोतीलाल साहू के खिलाफ नारेबाजी की। कुछ कार्यकर्ता विधायक के काफिले के सामने सड़क पर लेट गए और “वापस जाओ” के नारे लगाने लगे। मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों और जवानों ने तत्काल स्थिति संभालते हुए कार्यकर्ताओं को हटाया।
बैरिकेड पर हुई धक्का-मुक्की
जानकारी के अनुसार जिला प्रशासन द्वारा आयोजित सुशासन तिहार शिविर का विरोध करने कांग्रेस कार्यकर्ता कार्यक्रम स्थल पहुंचे थे। प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा लगाए गए बैरिकेड के पास कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड पार करने की कोशिश की, जिसे पुलिस ने रोक दिया।
इन मांगों को लेकर हुआ प्रदर्शन
कांग्रेस कार्यकर्ता महिलाओं को आवासीय पट्टा वितरण, 500 रुपये में गैस सिलेंडर उपलब्ध कराने और महतारी वंदन योजना से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगें पूरी करने की मांग उठाई।
काफिला रोकने की कोशिश
प्रदर्शन के दौरान विधायक के काफिले को रोकने का भी प्रयास किया गया। हालांकि पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप कर आवागमन को सामान्य बनाए रखा। तनाव बढ़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल भी मौके पर तैनात किया गया।
कांग्रेस का पक्ष
कांग्रेस के ग्रामीण जिला अध्यक्ष पप्पू बंजारे ने कहा कि प्रदर्शन पूर्व निर्धारित था और इसकी जानकारी पहले से प्रशासन को दे दी गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता से जुड़े मुद्दों की लगातार अनदेखी की जा रही है, इसलिए लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराया गया। पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में स्थिति सामान्य होने के बाद सुशासन तिहार का कार्यक्रम आगे जारी रहा।


