Dongargarh News: नवरात्र के तीसरे दिन धर्मनगरी डोंगरगढ़ में आस्था और राजनीति का संगम देखने को मिला। मां बम्लेश्वरी धाम पहुंचे विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और वन मंत्री केदार कश्यप ने माता के दर्शन किए और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। इसी अवसर पर करोड़ों की लागत से बने मां बम्लेश्वरी पर्यावरण परिक्रमा पथ का लोकार्पण किया गया। इस दौरान मंदिर ट्रस्ट पदाधिकारी और भाजपा कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे।
करीब साढ़े तीन किलोमीटर लंबे परिक्रमा पथ का विचार डॉ. रमन सिंह के मुख्यमंत्री रहते डोंगरगढ़ प्रवास के दौरान सामने आया था। इसकी जिम्मेदारी वन विभाग को सौंपी गई थी। लंबे इंतजार और निर्माण कार्य में देरी के बाद आखिरकार 2025 में यह परिक्रमा पथ श्रद्धालुओं के लिए तैयार हो पाया है। पथ में छत्तीसगढ़ के प्रमुख तीर्थों और वन्य जीवों की झलक दिखाई देती है, जो इसे धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान प्रदान करती है।



उद्घाटन के बीच उठे सवाल
हालांकि लोकार्पण के बीच कटु सच्चाई भी सामने आई। करोड़ों की लागत से तैयार यह परिक्रमा पथ फिलहाल श्रद्धालुओं और स्थानीय निवासियों की बजाय असामाजिक तत्वों का अड्डा बनकर रह गया है। डॉ. रमन सिंह ने भी स्वीकार किया कि यह पथ तभी सार्थक होगा जब इसका वास्तविक उपयोग भक्तों और आम जनता के लिए सुनिश्चित किया जा सके।
