जिले की विकासखंड मनेन्द्रगढ़ के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल अमृतधारा जलप्रपात में लगातार हो रहे हादसों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक बड़ा और सख्त फैसला लिया है. अनुविभागीय दण्डाधिकारी लिंगराज सिदार ने इसके लिए आदेश जारी किया है. जलप्रपात के निचले हिस्से और खाई से लगे ऊपरी हिस्से को अब प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित कर दिया गया है.
जारी आदेश के अनुसार, अमृतधारा जलप्रपात में किसी भी प्रकार का आवागमन, सेल्फी लेना और नहाना पूर्णतः वर्जित रहेगा. यह फैसला लोक सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है, क्योंकि झरने के नीचे उतरने और नहाने के दौरान कई पर्यटकों की डूबने से मौत हो चुकी है.बता दे की हाल हे में SECL के कर्मचारियों के डूबने से मौत हो गई थी

