CG Marriage Fraud: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में फर्जी बायोडाटा के जरिए शादी करने का मामला सामने आया है। युवक ने खुद को बीट्स पिलानी से बी.टेक पास और जयपुर की एक कंपनी में 48 लाख रुपए सालाना वेतन पर कार्यरत बताया। इतना ही नहीं, परिवार के पास 150 से 200 एकड़ जमीन और 88 लाख रुपए सालाना कारोबार होने का दावा भी किया। शादी के बाद जब सच्चाई सामने आई तो युवती ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। अब बिलासपुर पुलिस ने युवक और उसके माता-पिता के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, जशपुर निवासी 30 वर्षीय युवती वर्ष 2022 से बिलासपुर में रहकर गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय में पीएचडी कर रही है। इसी दौरान उसकी मुलाकात अपने पुराने स्कूल साथी हर्षदीप राम जाड़ी से दोबारा हुई। दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और मई 2024 में युवक ने शादी का प्रस्ताव रखा।
फर्जी बायोडाटा दिखाकर जीता भरोसा
युवती का आरोप है कि 8 जनवरी 2025 को कोनी स्थित एक कैफे में मुलाकात के दौरान युवक ने अपना बायोडाटा दिया। उसमें उसने खुद को बीट्स पिलानी से बी.टेक और जयपुर की एक निजी कंपनी में डेटा एनालिस्ट मैनेजर बताया। साथ ही 48 लाख रुपए सालाना वेतन, पिता के कारोबार का 88 लाख रुपए वार्षिक टर्नओवर और 150 से 200 एकड़ जमीन होने का दावा किया। इन जानकारियों पर भरोसा कर युवती और उसके परिवार ने शादी के लिए सहमति दे दी।
शादी से पहले लिए लाखों रुपए
शिकायत के मुताबिक, 12 मार्च 2026 को बिलासपुर के एक होटल में दोनों की शादी हुई। शादी से पहले युवक और उसकी मां ने अलग-अलग जरूरत बताकर अपने खातों में कुल 4.96 लाख रुपए ट्रांसफर कराए। इसके अलावा युवक ने अपने खाते में 60 हजार रुपए भी लिए। आरोप है कि कुल मिलाकर युवती के परिवार से 6.76 लाख रुपए लिए गए।
शादी की रात खुली पोल
शादी के दिन टेंट और कैटरिंग का पूरा भुगतान नहीं होने से विवाद की स्थिति बन गई। कैटरिंग और टेंट संचालकों ने बताया कि उन्हें केवल 10-10 हजार रुपए एडवांस मिले हैं। इसके बाद युवती के पिता और रिश्तेदारों ने अपनी ओर से भुगतान किया।
अगले दिन होटल का बिल बकाया होने पर होटल प्रबंधन ने युवक की कार रोक ली। इसके बाद युवक और उसके पिता के मोबाइल बंद हो गए। शक होने पर पूछताछ में युवक ने स्वीकार किया कि उसने बीट्स पिलानी से पढ़ाई नहीं की और उसकी कोई नौकरी भी नहीं है। वह अपने पिता के साथ इमू ऑयल के कारोबार से जुड़ा है। वहीं शादी में दिए गए जेवर की जांच कराने पर उनके नकली होने का भी आरोप लगाया गया।
पुलिस ने शुरू की जांच
मामले की शिकायत पहले जशपुर में दर्ज कराई गई थी। इसके बाद केस डायरी बिलासपुर भेजी गई। बिलासपुर पुलिस ने हर्षदीप राम जाड़ी, उसके पिता लोधन राम जाड़ी और मां राजो जाड़ी के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


