PM Awas Yojana: प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत गरीबों के आवास निर्माण में अनियमितता और हितग्राहियों की राशि में हेराफेरी के मामलों पर राज्य सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि गरीबों के पक्के घर के सपने से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आवास निर्माण में लापरवाही और हितग्राहियों के साथ धोखाधड़ी करने वालों पर सख्त कानूनी कार्रवाई होगी।
कबीरधाम जिले के बोड़ला विकासखंड में प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना के तहत बैगा जनजाति के हितग्राहियों से आवास निर्माण के नाम पर राशि लेकर काम नहीं करने के दो मामलों में एफआईआर दर्ज की गई है। दोनों मामलों में 9 हितग्राहियों से कुल 5 लाख 9 हजार रुपये लेने की शिकायत सामने आई है। शिकायत के आधार पर थाना चिल्फी और थाना तरेगांव जंगल में अपराध दर्ज किया गया है।
ग्राम पंचायत राजाढ़ार में ठेकेदार कुमार मेरावी पर पांच हितग्राहियों से कुल 3 लाख 20 हजार रुपये लेकर आवास निर्माण नहीं करने का आरोप है। शिकायत के अनुसार करीब डेढ़ वर्ष बीतने के बाद भी न तो मकान बनाए गए और न ही हितग्राहियों की राशि लौटाई गई। इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।
ग्राम पंचायत आमानारा में ठेकेदार तुमेश गोंड पर चार हितग्राहियों से कुल 1 लाख 89 हजार रुपये लेने और निर्माण कार्य नहीं करने का आरोप है। इस मामले में थाना तरेगांव जंगल में अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
गरीबों के अधिकारों से समझौता नहीं
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना केवल मकान निर्माण की योजना नहीं, बल्कि गरीब परिवारों को सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन देने का माध्यम है। विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए संचालित प्रधानमंत्री जनमन योजना में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को गंभीर अपराध माना जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आवास निर्माण की राशि का सही उपयोग सुनिश्चित किया जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
