CG Monsoon Session 2026: छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र में कांग्रेस 14 जुलाई को राज्य सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाएगी। रविवार को हुई कांग्रेस विधायक दल की बैठक में इस पर सहमति बनी। बैठक के बाद नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने कहा कि कांग्रेस को मौजूदा सरकार पर भरोसा नहीं है, इसलिए सदन में अविश्वास प्रस्ताव लाया जाएगा।![]()
विधायक दल की बैठक में बनी रणनीति
नेता प्रतिपक्ष के सरकारी आवास पर कांग्रेस विधायक दल की बैठक करीब दो घंटे तक चली। इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज सहित वरिष्ठ नेताओं ने विधानसभा सत्र की रणनीति पर अलग से चर्चा की। इसके बाद विधायक दल की बैठक में अंतिम रणनीति तय की गई।
सरकार को कई मुद्दों पर घेरेगी कांग्रेस
चरणदास महंत ने कहा कि सरकार के चुनावी वादे पूरे नहीं हुए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार बढ़ा है और जनता कई समस्याओं से जूझ रही है। कांग्रेस मानसून सत्र में बिजली संकट, महंगाई, किसानों की समस्याएं, कानून-व्यवस्था और अन्य जनहित के मुद्दों पर सरकार को घेरेगी।
नकटी मामले पर लाएगी स्थगन प्रस्ताव
कांग्रेस ने नकटी गांव के मामले को भी विधानसभा में प्रमुखता से उठाने का फैसला किया है। विधायक दल की बैठक में तय किया गया कि इस मुद्दे पर स्थगन प्रस्ताव लाया जाएगा। चरणदास महंत ने कहा कि कांग्रेस इस मामले को पूरी मजबूती से सदन में उठाएगी और जरूरत पड़ने पर सदन के भीतर भी विरोध प्रदर्शन करेगी।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि विधानसभा का सत्र भले ही पांच दिनों का है, लेकिन कांग्रेस हर जनहित के मुद्दे पर सरकार से जवाब मांगेगी। उन्होंने कहा कि सदन के साथ-साथ सड़क पर भी जनता की आवाज उठाई जाती रहेगी।
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विधानसभा में लगाए गए 1033 सवाल
इस बार विधानसभा सचिवालय में कुल 1033 सवाल लगाए गए हैं। इनमें 36 विधायकों ने नियमों के तहत अधिकतम 20-20 सवाल लगाए हैं। सवाल पूछने वालों में सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के विधायक शामिल हैं।
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क्या होता है अविश्वास प्रस्ताव
अविश्वास प्रस्ताव पूरी सरकार के खिलाफ लाया जाता है। विपक्ष सरकार के कामकाज और विभिन्न मुद्दों को आधार बनाकर यह प्रस्ताव पेश करता है। प्रस्ताव स्वीकार होने के बाद सदन में चर्चा होती है और मतदान के जरिए तय किया जाता है कि सरकार के पास सदन का बहुमत और विश्वास है या नहीं।



