CG News: प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत 2.49 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित सड़क धंसने के मामले में छत्तीसगढ़ सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। कवर्धा जिले के बोड़ला विकासखंड में दलदली मेन रोड से खारिया-अगरी तक बनी सड़क की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठने के बाद पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो इंजीनियरों को तत्काल निलंबित करने के निर्देश दिए हैं। वहीं कार्यपालन अभियंता के निलंबन के लिए भी शासन को प्रस्ताव भेजा जाएगा।
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के सचिव भीम सिंह ने गुरुवार को संबंधित अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचकर सड़क का निरीक्षण किया। हाल ही में सड़क धंसने की शिकायत मिलने के बाद शासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तकनीकी जांच कराई। निरीक्षण के दौरान सड़क की कोर कटिंग सहित अन्य तकनीकी परीक्षण किए गए, जिसमें निर्माण कार्य में गंभीर खामियां सामने आईं।
जांच में सड़क निर्माण में उपयोग की गई सामग्री की गुणवत्ता और सड़क के दोनों किनारों पर बनाए गए शोल्डर तकनीकी मानकों के अनुरूप नहीं पाए गए। इसके आधार पर निर्माण कार्य में लापरवाही मानते हुए सहायक अभियंता सौरभ देशमुख और उप अभियंता जे. रितेश नायडू को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा मामले में जिम्मेदारी तय करते हुए कार्यपालन अभियंता संतोष कुमार ठाकुर के निलंबन के लिए भी शासन को प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए गए हैं।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि सरकारी योजनाओं में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी अधिकारियों को निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी और तकनीकी मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
गौरतलब है कि दलदली मेन रोड से खारिया-अगरी तक बनी इस सड़क पर 2.49 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे, लेकिन निर्माण के कुछ समय बाद ही सड़क धंसने से कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए। स्थानीय लोगों ने भी घटिया निर्माण सामग्री और लापरवाही की शिकायत की थी। शासन ने संकेत दिए हैं कि जांच में यदि अन्य अधिकारी या निर्माण एजेंसी की भूमिका सामने आती है तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
