Mahadev Betting App: महादेव ऑनलाइन सट्टा ऐप के को-प्रमोटर रवि उप्पल को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में गिरफ्तार किए जाने की जानकारी सामने आई है। भारतीय जांच एजेंसियों के अनुरोध पर इंटरपोल के रेड कॉर्नर नोटिस के आधार पर UAE के अधिकारियों ने यह कार्रवाई की है।
हालांकि, भारतीय जांच एजेंसियों को अभी तक गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं मिली है। एजेंसियां अब UAE प्रशासन से पुष्टि मिलने के बाद रवि उप्पल के प्रत्यर्पण की कानूनी प्रक्रिया शुरू करने की तैयारी कर रही हैं।
सौरभ चंद्राकर के बाद दूसरी बड़ी कार्रवाई
रवि उप्पल की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है, जब महादेव ऐप के मुख्य प्रमोटर सौरभ चंद्राकर को हाल ही में ओमान से भारत लाया गया है। CBI उसे भारत लाकर पूछताछ कर रही है, जबकि प्रवर्तन निदेशालय (ED) मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जांच कर रहा है।
हवाला नेटवर्क संभालने का आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार, रवि उप्पल महादेव सट्टा नेटवर्क में अहम भूमिका निभाता था। उस पर करोड़ों रुपए के हवाला लेनदेन का संचालन करने और छत्तीसगढ़ में नेताओं व अधिकारियों से संपर्क बनाए रखने का आरोप है।
बताया गया है कि वर्ष 2023 में भी उसे UAE में हिरासत में लिया गया था, लेकिन बाद में जमानत पर रिहा कर दिया गया। इसके बाद उसके वानुअतु की नागरिकता लेने की जानकारी भी सामने आई थी।
रेड कॉर्नर नोटिस हटवाने की कोशिश रही नाकाम
जांच के दौरान जानकारी मिली थी कि रवि उप्पल UAE से गायब हो गया था। इसके बाद उसने इंटरपोल से रेड कॉर्नर नोटिस हटाने की अपील की थी, लेकिन जांच एजेंसियों के विरोध के बाद उसकी यह कोशिश सफल नहीं हो सकी।
ED के अनुसार, महादेव ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में करीब 80 हजार करोड़ रुपए के कथित अवैध लेनदेन की जांच की जा रही है।
पूछताछ में खुल सकते हैं कई अहम राज
जांच एजेंसियों का मानना है कि सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल से पूछताछ में महादेव सट्टा नेटवर्क, हवाला लेनदेन, प्रोटेक्शन मनी और इससे जुड़े अन्य लोगों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। फिलहाल एजेंसियां रवि उप्पल की गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि और भारत प्रत्यर्पण की प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार कर रही हैं।




